नौ बजे नौ मिनट
अठाईस मार्च की शाम 'रिपब्लिक' चैनल का एंकर पहले सरकार के आरामकुर्सी छाप आलोचकों को नाम ले-लेकर देर तक कोसता और आश्वस्त करता रहा कि यह अच्छी बात है कि कोरोना के मामलों में उछाल नहीं आया! तीस मार्च तक की खबरें आश्वस्तिमूलक रहीं। लगभग हर चैनल बताने लगा कि यह कोरोना की उठते 'कर्व' क…